सवाई माधोपुर जिले की प्रमुख सरकारी योजनाएँ
राजस्थान सरकार द्वारा शैक्षणिक सत्र 2025-26 से शुरू की गई एक प्रमुख शिक्षा सुधार पहल है।
राजस्थान सरकार द्वारा प्रदेश की ग्राम पंचायतों में ग्रामीण युवाओं को डिजिटल शिक्षा, प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी और सरकारी योजनाओं का लाभ प्रदान करने के लिए 'अटल ज्ञान केंद्र' स्थापित किए जा रहे हैं।
राजस्थान में 'मुख्यमंत्री जल स्वावलम्बन अभियान (MJSA) 2.0' का उद्देश्य राज्य में जल संरक्षण और आत्मनिर्भरता को बढ़ावा देना है।
राजस्थान में 'कर्मभूमि से मातृभूमि' अभियान (शुरुआत: 15 जनवरी 2025) प्रवासी राजस्थानियों और भामाशाहों के सहयोग से जल संकट दूर करने की एक प्रमुख पहल है।
राजस्थान में ग्रामीण व शहरी स्वास्थ्य प्रणालियों को मजबूत करने, क्रिटिकल केयर ब्लॉक, और एकीकृत जन स्वास्थ्य प्रयोगशालाओं के निर्माण के लिए 2021-2026 तक संचालित है।
राजस्थान में प्रधानमंत्री कृषि सिंचाई योजना (PMKSY) 'हर खेत को पानी' और 'प्रति बूंद अधिक फसल' (Per Drop More Crop) के तहत सूक्ष्म सिंचाई (ड्रिप/स्प्रिंकलर) को बढ़ावा दे रही है।
राजस्थान में संशोधित वितरण क्षेत्र योजना (Revamped Distribution Sector Scheme - RDSS) का मुख्य उद्देश्य बिजली वितरण कंपनियों (DISCOMs) की परिचालन दक्षता और वित्तीय स्थिति में सुधार करना है।
राजस्थान में पीएम-कुसुम योजना (PM-KUSUM) कृषि में सौर ऊर्जा के उपयोग को बढ़ावा दे रही है। घटक A (ग्राउंड माउंटेड सोलर प्लांट), घटक B (स्टैंड-अलोन सोलर पंप), और घटक C (ग्रिड-कनेक्टेड पंपों का सौरकरण) के माध्यम से, किसान अतिरिक्त बिजली बेचकर आय अर्जित कर रहे हैं
राजस्थान में नवीन परिवारों को NFSA (राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा अधिनियम) से जोड़कर 5 किलो प्रति व्यक्ति मुफ्त गेहूं और सस्ती दरों पर राशन उपलब्ध कराया जा रहा है।
राजस्थान में MPLADS (सांसद स्थानीय क्षेत्र विकास योजना) के तहत, 25 लोकसभा और 10 राज्यसभा सांसद प्रति वर्ष ₹5 करोड़ की निधि के माध्यम से अपने निर्वाचन क्षेत्र में विकास कार्यों की सिफारिश कर सकते हैं